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PM_Awas_Yojana; घोटाले में दो बीडीओ विजय शंकर शुक्ला, रत्नेश सिंह सस्पेंड, सीडीओ आरके सिंह, के खिलाफ जांच।

UP पीएम आवास योजना में घोटाला ;   21 अपात्रों के नाम पर हड़पे लाखों रुपये, दो बीडीओ विजय शंकर शुक्ला, रत्नेश सिंह सस्पेंड, सीडीओ आरके सिंह के खिलाफ जांच। 

सब्सक्राइब करें। www.6amnewstimes.com Ravindra Yadav lucknow 31:01:2021


हमीरपुर। मौदहा विकास क्षेत्र के छिमौली गांव में प्रधानमंत्री आवास (ग्रामीण) योजना के तहत 21 अपात्र लाभार्थियों के खाते से लाखों रुपए की धनराशि निकाल गबन करने के मामले में दो बीडीओ को सस्पेंड कर दिया गया। यही नहीं, तत्कालीन सीडीओ के खिलाफ जांच के आदेश दिए गए हैं। गुरुवार को अपर मुख्य सचिव का आदेश आते ही हड़कंप मच गया। 

छिमौली गांव में प्रधानमंत्री आवास योजना में अधिकारियों की मिलीभगत से बड़ा घोटाला किया गया है। 2018-19 में प्रधानमंत्री आवास (ग्रामीण) योजना के तहत 21 अपात्र लाभार्थियों के खाते से ग्राम प्रधान, ग्राम पंचायत विकास अधिकारी, कम्प्यूटर आपरेटर की मिलीभगत से लाखों रुपए की धनराशि निकालकर हड़प ली गई थी।

तत्कालीन बीडीओ विजय शंकर शुक्ला व प्रभारी बीडीओ रत्नेश सिंह के समय यह घोटाला किया गया। बीडीओ विजय शंकर शुक्ला इस समय जिले के गोहांड में तैनात हैं जबकि रत्नेश सिंह जिला ग्राम विकास प्रशिक्षण संस्थान मौदहा में जिला प्रशिक्षण अधिकारी के पद पर तैनात हैं।

मामले की शुरुआती जांच में ग्राम पंचायत विकास अधिकारी को पहले ही निलम्बित किया जा चुका है जबकि कम्प्यूटर आपरेटर के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसकी सेवाएं समाप्त कर दी गईं। घोटाले को लेकर मौदहा कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई जा चुकी है। छिमौली गांव के प्रधान भी नामजद हैं।

वहीं, पूरे मामले को शासन ने गंभीरता से लिया। अपर मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह ने इस प्रकरण में गोहांड के बीडीओ विजय शंकर शुक्ला व जिला प्रशिक्षण अधिकारी रत्नेश सिंह को निलम्बित कर दिया। दोनों अधिकारियों को आयुक्त ग्राम विकास उत्तर प्रदेश लखनऊ से सम्बद्ध किया गया है।

इसके अलावा तत्कालीन सीडीओ आरके सिंह के खिलाफ जांच के आदेश दिए गए है। इसके लिए संयुक्त विकास आयुक्त चित्रकूट धाम बांदा मंडल को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। सीडीओ आरके सिंह सेवानिवृत्त हो चुके हैं। इसलिए इनके खिलाफ अलग से आरोप पत्र तैयार होंगे। मामला उजागर होने के बाद 23.60 लाख रुपए की धनराशि की वसूली भी कराई जा चुकी है। गुरुवार को कार्रवाई का पत्र आते ही दिनभर विभाग में हड़कंप की स्थिति रही।




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